सामग्री पर जाएं

Amphibia · Anura

European Tree Frog

Hyla arborea

कम चिंता
European Tree Frog

© Vincent W. · iNaturalist

वैज्ञानिक वर्गीकरण और त्वरित तथ्य

वर्गीकरण

संघ Chordata
वर्ग Amphibia
गण Anura
कुल Hylidae
वंश Hyla
प्रजाति Hyla arborea

एक नज़र में

22.0 years
जीवनकाल
Stats updated 2 महीना ago

छोटे हरे पेड़ों पर चिपकी हुई यह मेंढक पूरे यूरोप में सबसे पहचानी जाने वाली अम्फीबियों में से एक है। Hyla arborea एक जीवंत हरे रंग की मेंढक है जो अपने आकर्षक जीवन और तेज आवाजों के लिए जानी जाती है। यह प्रजाति 16 से अधिक देशों में पाई जाती है और वर्तमान में IUCN द्वारा Least Concern के रूप में सूचीबद्ध है, जो इसकी स्थिर आबादी को दर्शाता है।

यह मेंढक मुख्य रूप से दलदली इलाकों, तालाबों और झाड़ीदार इलाकों में रहती है, जहाँ यह गर्मियों की रातों में एक विशिष्ट, तीव्र “क्रोक-क्रोक” की आवाज निकालती है। इसकी आवाज अक्सर पूरे मौसम में सुनी जाती है और स्थानीय पारिस्थितिकी तंत्र में इसकी मौजूदगी का संकेत देती है। अपने आकार और रंग के बावजूद, यह शिकारियों के खिलाफ एक महत्वपूर्ण शिकार प्रजाति बनी हुई है और यूरोपीय आर्द्रभूमि पारिस्थितिकी तंत्र में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।

पहचान और रूप

Hyla arborea एक छोटा वृक्ष मेंढक है जो अपने पतले शरीर और लंबी टांगों के लिए पहचाना जाता है। नर 32 से 43 मिमीटर के बीच होते हैं, जबकि मादाएं 40 से 50 मिमीटर तक लंबी होती हैं। यह प्रजाति एक सुरुचिपूर्ण निर्माण प्रदर्शित करती है जो पेड़ों और झाड़ियों पर चढ़ने के लिए अनुकूलित है।

रंग और पैटर्न

इस मेंढक की त्वचा का रंग तापमान, आर्द्रता और मनोदशा के अनुसार परिवर्तनशील है, जो हरा, भूरा-धूसर या तन रंग का हो सकता है। पृष्ठीय (पीठ की ओर) त्वचा चिकनी होती है, जबकि अधर (पेट की ओर) त्वचा दानेदार संरचना दिखाती है। अधर क्षेत्र सफेद रंग का होता है। एक विशिष्ट गहरा भूरा पार्श्व पट्टी आंखों से कमर तक फैला होता है, जो शरीर के सामने वाले और पिछले भागों को अलग करता है।

लैंगिक द्विरूपता

नर और मादा के बीच स्पष्ट अंतर गले की संरचना में दिखाई देते हैं। मादाओं का गला सफेद होता है, जबकि नरों का गला सुनहरे-भूरे रंग का होता है। महिलाएं सामान्यतः पुरुषों की तुलना में बड़ी होती हैं, जो 8 मिमीटर तक का आकार अंतर दिखाती हैं।

वितरण और आवास

Hyla arborea का वितरण मुख्य रूप से यूरोप के मध्य और दक्षिणी भागों तक सीमित है। यह प्रजाति कुल 16 देशों में दर्ज की गई है, जिनमें नीदरलैंड्स, जर्मनी और ग्रीस सबसे महत्वपूर्ण आबादियों को संरक्षित करते हैं।

मुख्य भौगोलिक क्षेत्र

नीदरलैंड्स इस प्रजाति का सबसे व्यापक वितरण केंद्र है, जहाँ 133 अवलोकन दर्ज किए गए हैं। जर्मनी (42 अवलोकन) और ग्रीस (34 अवलोकन) क्रमशः दूसरे और तीसरे स्थान पर आते हैं। ऑस्ट्रिया (23), हंगरी (20) और फ्रांस (17) में भी सशक्त आबादियाँ मौजूद हैं। स्लोवेनिया (11), स्लोवाकिया (4), अल्बानिया (3) और क्रोएशिया (3) जैसे क्षेत्रों में यह प्रजाति कम संख्या में पाई जाती है।

मौसमी उपस्थिति पैटर्न

इस प्रजाति की गतिविधि का शिखर अप्रैल माह में देखा जाता है, जब 130 अवलोकन दर्ज किए गए। मार्च में पहले से ही उल्लेखनीय सक्रियता (106 अवलोकन) दृष्टिगत होती है, जबकि फरवरी में भी 56 अवलोकन मिलते हैं। मई के बाद की अवधि में कोई अवलोकन दर्ज नहीं हुए हैं, जो यह संकेत देता है कि डेटा संग्रह शीतकालीन और वसंत ऋतुओं पर केंद्रित था।

जीव विज्ञान और व्यवहार

व्यवहार

Hyla arborea एक सक्रिय वृक्ष-निवासी मेंढक है जो रात के समय अपने शिकार में सबसे अधिक सक्रिय होता है। दिन के दौरान, यह मेंढक पत्तियों, तनों और शाखाओं पर छिपा रहता है, जहाँ इसका हरा रंग इसे छलावरण प्रदान करता है। इसके मजबूत और चिपचिपे पैड इसे उर्ध्वाधर सतहों पर आसानी से चढ़ने में सक्षम बनाते हैं, जिससे यह अपने पूरे जीवन वृक्षों में बिता सकता है।

प्रजनन के मौसम में नर मेंढक तेज़ और विशिष्ट “क्रोक-क्रोक-क्रोक” ध्वनि निकालते हैं, जो संभोग के आह्वान के रूप में कार्य करती है। ये ध्वनियाँ शाम के समय और रात भर सुनी जाती हैं, विशेष रूप से गीले मौसम के दौरान जब प्रजनन की गतिविधि चरम पर होती है। यह प्रजाति आमतौर पर одनोमुखी है, और कई नर एक ही जल निकाय के पास अपने क्षेत्र की रक्षा करते हैं।

भोजन

Hyla arborea एक कीटभक्षी शिकारी है जो मुख्य रूप से छोटे आर्थ्रोपोड़ को खाता है। इसके आहार में मक्खियाँ, मच्छर, छोटे तितलियाँ, पतंगे और छोटी मकड़ियाँ शामिल होती हैं। यह मेंढक शिकारी है जो अपने शिकार को सक्रिय रूप से खोजता है, मुख्य रूप से रात के समय जब कीट सबसे अधिक सक्रिय होते हैं।

इस मेंढक का शिकार तकनीक सीधी और कुशल है—यह शिकार को देखता है, उसके पास जाता है और अपनी तेज़ जीभ से उसे पकड़ता है। छोटे आकार के कारण, यह केवल छोटे कीटों को ही निगल सकता है, जिससे यह पतली शाखाओं और पत्तियों पर शिकार करने के लिए बेहतरीन ढंग से अनुकूलित है जहाँ छोटे कीट आश्रय लेते हैं।

प्रजनन

यूरोपीय वृक्ष मेंढक का प्रजनन काल वसंत और शुरुआती गर्मी में होता है, आमतौर पर अप्रैल से जुलाई तक। नर मेंढक तालाबों, झीलों और अन्य स्थिर जल निकायों के पास इकट्ठा होते हैं, जहाँ वे संभोग के आह्वान के साथ मादाओं को आकर्षित करते हैं। मादा प्रत्येक प्रजनन मौसम में 800 से 1,000 अंडों तक रख सकती है, जो समूहों में या बिखरे हुए दानों के रूप में पानी में जमा होते हैं।

अंडे लगभग 3 से 12 दिनों में फूटते हैं, जो जल का तापमान पर निर्भर करता है। टैडपोल तीन से चार महीनों तक पानी में रहते हैं, इस अवधि के दौरान कीटों और जलीय वनस्पति को खाते हैं। रूपांतरण (मेटामोर्फोसिस) के बाद, युवा मेंढक पृथ्वी पर चले जाते हैं और क्रमशः अपनी वयस्क आवास में लौटते हैं। Hyla arborea 22 वर्षों तक जीवित रह सकता है, जो छोटे मेंढकों के लिए एक उल्लेखनीय जीवनकाल है।

संरक्षण और खतरे

Hyla arborea को अंतर्राष्ट्रीय प्रकृति संरक्षण संघ (IUCN) की लाल सूची में सबसे कम चिंताजनक (Least Concern) की स्थिति दी गई है। हालांकि, यूरोप के कई हिस्सों में इस प्रजाति की आबादी में गिरावट आ रही है। यह स्थिति यह दर्शाती है कि वैश्विक स्तर पर प्रजाति विलुप्त होने का तत्काल खतरा नहीं है, लेकिन स्थानीय स्तर पर संरक्षण उपायों की आवश्यकता है।

मुख्य खतरे

यूरोपीय वृक्ष मेंढक के लिए आवास विखंडन और विनाश सबसे गंभीर खतरा है। आर्द्रभूमियों का प्रदूषण, मछलियों द्वारा शिकार, और पालतू जानवरों के व्यापार के लिए पकड़ना भी महत्वपूर्ण खतरे हैं। जलवायु परिवर्तन इन मेंढकों के अस्तित्व को अप्रत्यक्ष रूप से प्रभावित कर रहा है, विशेषकर उनके प्रजनन आवासों में।

अन्य संभावित कारणों में पराबैंगनी (UVB) विकिरण में वृद्धि, कीटनाशकों का व्यापक उपयोग, और जलीय पारिस्थितिकी तंत्र में उर्वरकों तथा अन्य प्रदूषकों का संचय शामिल है। ये कारक मिलकर मेंढकों की प्रतिरक्षा प्रणाली को कमजोर करते हैं और उनके अस्तित्व के अनुकूल परिस्थितियों को सीमित करते हैं।

संरक्षण प्रयास

Hyla arborea यूरोप के कई देशों में कानूनी संरक्षण प्राप्त है। यूरोपीय संघ के आवास निर्देश (Habitats Directive) के अंतर्गत यह प्रजाति सूचीबद्ध है, जो सदस्य राष्ट्रों को इसके आवास की रक्षा करने के लिए बाध्य करता है। कई देशों में आर्द्रभूमि पुनर्स्थापन परियोजनाएं इस प्रजाति के संरक्षण में सहायक साबित हुई हैं।

रोचक तथ्य

आकर्षक तथ्य

  1. भौगोलिक पुनर्वर्गीकरण: यूरोपीय वृक्ष मेंढक को पारंपरिक रूप से यूरोप, एशिया और उत्तरी अफ्रीका के विस्तृत क्षेत्र में पाया जाता था, लेकिन आणविक आनुवंशिक अनुसंधान ने दिखाया है कि कई जनसंख्या वास्तव में अलग-अलग प्रजातियां हैं। आज, वास्तविक Hyla arborea केवल फ्रांस से पोलैंड तक और ग्रीस तक यूरोप तक सीमित है।
  2. लघु आकार: यह एक छोटा वृक्ष मेंढक है जो अपनी सूक्ष्म काया के लिए जाना जाता है, जो इसे घनी वनस्पति में चढ़ने और शिकारियों से छिपने के लिए अनुकूल बनाता है।
  3. चूषक पैड: इसके पैरों के अंत में विशेष संरचनाएं होती हैं जो इसे गीली या चिकनी सतहों पर शानदार ढंग से चिपकने में मदद करती हैं, जिससे यह लंबवत पृष्ठों और यहां तक कि छत पर भी चल सकता है।
  4. रात का शिकारी: यह प्रजाति मुख्य रूप से निशाचर है और अपने संवेदनशील आँखों का उपयोग करके कीटों का शिकार करती है। यह लक्ष्य के लिए जोरदार छलांग लगाता है और अपना शिकार सटीकता के साथ पकड़ता है।
  5. ध्वनि संचार: नर मेंढक विशिष्ट, जोर की पुकारें निकालते हैं—विशेषकर संभोग के मौसम में—जो बहुत दूर से सुनी जा सकती हैं और अक्सर आर्द्रभूमि पारिस्थितिकी तंत्र में प्रजनन की गतिविधि का संकेत देती हैं।
  6. जलवायु-संवेदनशील त्वचा: इसकी त्वचा पतली और सूखे होने के लिए असहिष्णु है, जिसका अर्थ है कि यह गीली या आर्द्र वातावरण में रहना पड़ता है और शुष्क परिस्थितियों में जल्दी निर्जलित हो सकता है।
  7. रंग परिवर्तन: हालांकि आमतौर पर चमकीले हरे रंग का, यह प्रजाति हल्के भूरे या पीले रंगों में रंग बदल सकती है, विशेषकर तापमान या प्रकाश की स्थिति में प्रतिक्रिया में।

संरक्षण स्थिति

LC (कम चिंता) · NT · VU · EN · CR · EW · EX