Vulpes vulpes यानी रेड फॉक्स, मांसाहारी गण का सबसे व्यापक रूप से फैला हुआ सदस्य है और सच्चे फॉक्स प्रजातियों में सबसे बड़ा भी। यह दक्षिण अमेरिका और अंटार्कटिका को छोड़कर लगभग हर महाद्वीप पर मौजूद है, जिसमें यूरोप, एशिया का अधिकांश भाग, उत्तरी अफ्रीका और उत्तरी अमेरिका शामिल हैं।
IUCN की सूची में इसे "संकटमुक्त" श्रेणी में रखा गया है, यानी वैश्विक स्तर पर इसकी आबादी को कोई तात्कालिक खतरा नहीं है। लेकिन यही सफलता इसे एक विरोधाभासी प्राणी बनाती है - एक ओर यह अनुकूलनशीलता का प्रतीक है, दूसरी ओर दुनिया के सबसे विनाशकारी आक्रामक प्रजातियों में गिना जाता है।
पहचान और रूप
रेड फॉक्स की सबसे पहचानने योग्य विशेषता इसकी लंबी, झाड़ीदार पूँछ है, जो शरीर की लंबाई का लगभग 70 प्रतिशत होती है और खड़े होने पर ज़मीन को छूती है। इसका शरीर लम्बा और पैर तुलनात्मक रूप से छोटे होते हैं, जिससे यह एक फुर्तीला प्राणी बनता है, जो 2 मीटर ऊँची बाड़ों को भी पार कर सकता है और तेज़ी से तैर भी सकता है।
वयस्क कंधे पर 35 से 50 सेंटीमीटर ऊँचे होते हैं और शरीर की लंबाई 45 से 90 सेंटीमीटर के बीच होती है, जबकि पूँछ 30 से 55.5 सेंटीमीटर तक होती है। इनका वज़न 2.2 से 14 किलोग्राम के बीच व्यापक रूप से बदलता रहता है, और मादा फॉक्स सामान्यतः नर से 15 से 20 प्रतिशत कम वज़नी होती हैं। सामान्य दौड़ते समय इनकी गति 6 से 13 किमी/घंटा होती है, जबकि अधिकतम दौड़ने की गति लगभग 50 किमी/घंटा तक पहुँच सकती है।
सर्दियों का फर घना, मुलायम और चमकीला होता है, जिसमें उत्तरी क्षेत्रों के फॉक्स का फर विशेष रूप से लंबा और रेशमी होता है, जबकि दक्षिणी क्षेत्रों में यह छोटा और कड़ा रहता है। रंग में तीन मुख्य प्रकार पाए जाते हैं - लाल, चांदी-काला और क्रॉस रूप। सामान्य लाल रूप में शरीर पर चमकीला लाल-भूरा रंग होता है, जिसमें पीठ पर एक धुंधली भूरी-लाल पट्टी और कंधों पर दो अतिरिक्त पट्टियाँ मिलकर एक क्रॉस जैसा आकार बनाती हैं, जबकि गला, ठोड़ी और सीने का अगला भाग सफेद रंग का होता है।
खोपड़ी की बनावट इसे कुत्तों से अलग करती है - इसकी नाक पतली, दाँत ज़्यादा पतले और नुकीले, तथा चेहरे का प्रोफ़ाइल कुत्तों की तरह उभरा हुआ नहीं बल्कि थोड़ा धँसा हुआ होता है।
वितरण और आवास
रेड फॉक्स का वितरण लगभग 70 लाख वर्ग किलोमीटर के क्षेत्र में फैला है, जो इसे मांसाहारी गण का सबसे व्यापक सदस्य बनाता है। यह आर्कटिक वृत्त तक उत्तर में, पूरे यूरोप में, सहारा के उत्तर के अफ्रीकी भाग में, दक्षिण-पूर्व एशिया को छोड़कर पूरे एशिया में और अधिकांश उत्तरी अमेरिका में पाया जाता है। यह न्यूज़ीलैंड में अनुपस्थित है, जहाँ इसके आयात पर कानूनी रोक है।
यह प्राणी विविध प्रकार के आवासों में पनपता है - जंगल, टुंड्रा, घास के मैदान, मरुस्थल, पहाड़ और खेती वाले क्षेत्र, समुद्र तल से लेकर 4,500 मीटर ऊँचाई तक। यह घने जंगलों से बचता है और इसके बजाय विविध वनस्पति वाले किनारे के इलाकों को पसंद करता है, जहाँ खेती की ज़मीन, झाड़ियाँ और खुले क्षेत्र मिश्रित होते हैं। शहरी और उपनगरीय क्षेत्रों में भी यह पार्कों, गोल्फ मैदानों और बड़े बगीचों में सहजता से बस जाता है।
ऑस्ट्रेलिया में इसे 1830 और 1840 के दशक में ब्रिटिश उपनिवेशवासियों द्वारा पारंपरिक फॉक्स-शिकार के खेल के लिए लाया गया था। वहाँ इसकी आबादी 2012 के अनुमान के अनुसार 72 लाख से अधिक थी, और यह महाद्वीप के अधिकांश मुख्य भूभाग में फैल गया, जबकि तस्मानिया द्वीप पर यह स्थायी रूप से नहीं बस पाया, संभवतः तस्मानियाई डेविल के साथ प्रतिस्पर्धा के कारण।
महीने-दर-महीने अवलोकन के आँकड़े गर्मियों की शुरुआत में थोड़ी बढ़ोतरी और पतझड़ के महीनों में कमी का संकेत देते हैं, हालाँकि ये आँकड़े केवल उपस्थिति दर्शाते हैं, आबादी का सटीक माप नहीं।

व्यवहार और जीवनशैली
रेड फॉक्स एकाकी प्राणी हैं और भेड़ियों की तरह झुंड नहीं बनाते। यह मुख्यतः निशाचर या संध्याकालीन सक्रियता वाला प्राणी है, जो ज़मीन पर रहता है और अपने क्षेत्र की आंशिक रूप से रक्षा करता है। एक विशिष्ट क्षेत्र में एक वयस्क नर और एक या दो वयस्क मादाएँ अपने बच्चों के साथ रहती हैं, और अच्छे आवासों में कभी-कभी आठ तक अधीनस्थ फॉक्स भी शामिल हो सकते हैं, जो मुख्यतः पिछले वर्ष के युवा होते हैं और शिशुओं की देखभाल में सहायक बनते हैं।
घर की सीमा (होम रेंज) आवास की गुणवत्ता पर निर्भर करती है - अच्छे आवासों में यह 5 से 12 वर्ग किलोमीटर के बीच होती है, जबकि कमज़ोर आवासों में यह 20 से 50 वर्ग किलोमीटर तक फैल सकती है। फॉक्स अपने पूरे जीवन एक ही क्षेत्र में रह सकते हैं, और पतझड़ में बच्चे अपने माता-पिता के क्षेत्र से 10 से लगभग 400 किलोमीटर दूर तक फैल जाते हैं।
ये अपनी माँद ज़मीन में खुद खोदते हैं या मार्मोट-जैसे प्राणियों की छोड़ी हुई माँदों का उपयोग करते हैं, जिन्हें पीढ़ियों तक इस्तेमाल किया जा सकता है। कुछ माँदों में 19 प्रवेश द्वार तक पाए गए हैं। मूत्र-चिह्नन के माध्यम से यह अपने क्षेत्र और भंडारित भोजन के स्थानों को चिह्नित करता है, जिससे समय की बर्बादी टाली जा सके।
जहाँ रेड फॉक्स और आर्कटिक फॉक्स एक ही क्षेत्र में रहते हैं, वहाँ रेड फॉक्स सामान्यतः प्रभावी होता है, और दोनों प्रजातियाँ अवसर मिलने पर एक-दूसरे के शिशुओं को मार देती हैं।
संचार
रेड फॉक्स संचार के लिए ध्वनि, शारीरिक भाषा और गंध-चिह्नन का व्यापक उपयोग करते हैं। वैज्ञानिकों ने वयस्कों में 12 और शिशुओं में 8 अलग-अलग प्रकार की आवाज़ों की पहचान की है, जिन्हें मुख्यतः "संपर्क" कॉल और "अंतःक्रिया" कॉल में बाँटा जा सकता है। सबसे सामान्य कॉल तीन से पाँच शब्दांशों वाली भौंक है, जिसे "वाओ वाओ वाओ" के रूप में सुना जाता है और यह दिसंबर से फरवरी के बीच सबसे अधिक सुनाई देती है, जब दो फॉक्स एक-दूसरे के पास आते हैं। आक्रामक मुकाबलों के दौरान वे "गेकरिंग" नामक एक खरखराती ध्वनि निकालते हैं, जो मुख्यतः प्रजनन काल में प्रतिस्पर्धी नरों या अस्वीकार करती मादाओं से सुनी जाती है।
शारीरिक भाषा में कान और पूँछ की हरकतें महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। जिज्ञासु फॉक्स अपने कानों को घुमाते और फड़फड़ाते हैं, जबकि खेल में लगे फॉक्स कानों को खड़ा करके पिछले पैरों पर उठते हैं। डरे हुए फॉक्स दंतहीन मुस्कान के साथ अपनी पीठ मोड़ते हैं, शरीर झुकाते हैं और कानों को सिर से चिपटा लेते हैं, जबकि आक्रामक हमले के दौरान वे सीधे आगे बढ़ते हैं, पूँछ ऊँची रखते हैं और कान बगल की ओर घुमाते हैं।
गंध-चिह्नन मूत्र, मल, गुदा-ग्रंथि स्राव, तथा पंजों और होंठों के आस-पास की ग्रंथियों के माध्यम से होता है। नर और मादा मूत्र-मारने की अलग-अलग मुद्राएँ अपनाते हैं - नर एक पिछला पैर उठाकर आगे की ओर मूत्र छोड़ता है, जबकि मादा बैठकर पिछले पैरों के बीच ज़मीन पर मूत्र करती है।
शिकार और आहार
रेड फॉक्स मूषकों का शिकार करते समय एक विशिष्ट तकनीक अपनाते हैं - यह बिना हिले-डुले खड़ा होकर ध्यान से सुनता और देखता है जब तक कि उसे कोई चूहा महसूस न हो जाए, फिर ऊँची उछाल भरता है और अगले पैरों को सीधे नीचे लाकर शिकार को ज़मीन पर दबा देता है।
यह मूल रूप से सर्वाहारी है, जिसका मुख्य भोजन कृंतक, खरगोश और कीड़े हैं, साथ ही यह फल भी खाता है और अवसर मिलने पर मांस-अवशेष (कैरियन) भी खा लेता है। यह प्रतिदिन लगभग 0.5 से 1 किलोग्राम भोजन खाता है।
रेड फॉक्स भोजन को भंडारित करने में भी माहिर होता है - अतिरिक्त शिकार को छिपा देता है और बाद में उन स्थानों को फिर से खोजने में बहुत कुशल रहता है, तथा मूत्र-चिह्नन के ज़रिए इन भंडारित स्थलों को याद रखता है।
प्रजनन और बच्चों का पालन
रेड फॉक्स सामान्यतः एकनिष्ठ (मोनोगेमस) जोड़े बनाते हैं, हालाँकि कुछ नर एक से अधिक मादाओं के साथ संबंध बनाते हैं और कभी-कभी बिना-प्रजनन करने वाली मादा सहायक भी बच्चों की देखभाल में शामिल होती हैं। प्रजनन काल क्षेत्र के अनुसार बदलता है - दक्षिणी क्षेत्रों में दिसंबर-जनवरी, मध्य क्षेत्रों में जनवरी-फरवरी, और उत्तरी क्षेत्रों में फरवरी-अप्रैल में होता है। मादा का मदकाल एक से छह दिन तक रहता है, और संभोग सामान्यतः 15 से 20 मिनट तक चलता है।
गर्भावस्था लगभग 51 से 53 दिन तक रहती है, हालाँकि यह 49 से 56 दिन तक भिन्न हो सकती है। एक बार में 1 से 13 शिशु पैदा होते हैं, जिनकी औसत संख्या लगभग 5 होती है, और जन्म के समय इनका वज़न 50 से 150 ग्राम के बीच होता है।
शिशु जन्म के समय अंधे और बहरे होते हैं और जन्म के 9 से 15 दिनों बाद अपनी आँखें खोलते हैं, जो शुरू में नीली होती हैं पर 4-5 सप्ताह में एम्बर रंग में बदल जाती हैं। ये माँद से 4 से 5 सप्ताह बाद बाहर आना शुरू करते हैं और 8 से 10 सप्ताह में दूध छुड़ाया जाता है। पिता अपनी साथी को भोजन उपलब्ध कराता है परंतु माँद के भीतर प्रवेश नहीं करता, और यदि माँ की मृत्यु हो जाए तो पिता ही शिशुओं का पालनकर्ता बन जाता है।
माँ-बच्चे का साथ जन्म के वर्ष की पतझड़ तक बना रहता है, और मादाएँ कभी-कभी अपने माता-पिता के साथ अधिक समय तक रहती हैं। यौन परिपक्वता लगभग 10 महीने की उम्र में आती है, हालाँकि जंगली जीवन में इनकी सामान्य जीवन अवधि 5 वर्ष से अधिक नहीं होती, जबकि कैद में यह 15 वर्ष तक और अधिकतम रिकॉर्ड लगभग 21.3 वर्ष तक दर्ज किया गया है।
आबादी और पारिस्थितिक भूमिका
रेड फॉक्स अपने शिकार जीवों - कृंतकों और खरगोशों - की आबादी को नियंत्रित करने में सहायक भूमिका निभाता है, और फल खाने के दौरान बीजों को फैलाने में भी योगदान देता है। यह यूरोप में रेबीज़ फैलाने वाला सबसे महत्वपूर्ण वाहक जीव भी है, और लेप्टोस्पायरोसिस, टुलेरेमिया, तथा टिक-जनित एन्सेफेलाइटिस जैसे रोगों को भी फैला सकता है।
रेड फॉक्स को सारकॉप्टिक मांगे (एक प्रकार की खुजली रोग) से भी गंभीर खतरा है, जो पूँछ के आधार से शुरू होकर पूरे शरीर में फैलती है और अंतिम चरणों में अधिकांश फर तथा शरीर के वज़न का लगभग आधा हिस्सा गँवा देती है।
संरक्षण और खतरे
रेड फॉक्स को IUCN की सूची में "संकटमुक्त" श्रेणी में रखा गया है, जिसका अर्थ है कि वैश्विक स्तर पर इसकी आबादी को कोई तात्कालिक खतरा नहीं है। इसकी तीन उप-प्रजातियों को CITES परिशिष्ट III में सूचीबद्ध किया गया है।
समग्र रूप से रेड फॉक्स की आबादी स्थिर बनी हुई है, और मानव-निर्मित पर्यावरणीय परिवर्तनों के जवाब में इसने अपना क्षेत्र और भी विस्तृत किया है। संयुक्त राज्य अमेरिका के संघीय सूची में भी इसे कोई विशेष संरक्षण दर्जा नहीं दिया गया है।
सांस्कृतिक महत्व
रेड फॉक्स को दुनिया भर की लोककथाओं और पौराणिक कथाओं में चतुराई, धोखे और छल के प्रतीक के रूप में दर्शाया गया है। यूनानी पौराणिक कथाओं में टेउमेसियन फॉक्स एक विशाल जीव था जिसे कभी पकड़ा नहीं जा सकता था, जबकि यूरोपीय लोककथाओं में "रेनार्ड द फॉक्स" का चरित्र छल और धोखे का प्रतीक बन गया।
चीनी लोककथाओं में "हुली जिंग" नामक नौ-पूँछ वाली फॉक्स-आत्माओं की कहानियाँ प्रचलित हैं, जबकि जापानी पौराणिक कथाओं में "किट्सुने" जादुई शक्तियों वाली फॉक्स-आत्माएँ हैं जो उम्र और बुद्धिमत्ता के साथ शक्तिशाली होती जाती हैं और मानव रूप धारण कर सकती हैं। अरब लोककथाओं में इसे कायर, धोखेबाज़ और चतुर प्राणी माना जाता है, जबकि उत्तर अमेरिकी मूल-निवासी पौराणिक कथाओं में फॉक्स को अक्सर कोयोटी का चालाक साथी बताया गया है।
मानव समाज के साथ इसका संबंध व्यावहारिक भी रहा है - रेड फॉक्स को फर के लिए सबसे अधिक फार्म-पालित जंगली फर-वाहक प्राणी माना जाता है, और साथ ही 4वीं शताब्दी ईसा पूर्व से यह फॉक्स-शिकार जैसे पारंपरिक खेल का विषय भी रहा है, जो सिकंदर महान के समय से जुड़ा है और बाद में ब्रिटिश कुलीन वर्ग का प्रिय खेल बन गया।
रोचक तथ्य
- वैज्ञानिकों ने रेड फॉक्स की 28 विभिन्न प्रकार की आवाज़ों का दस्तावेज़ीकरण किया है, और हर फॉक्स की अपनी पहचानी जा सकने वाली आवाज़ होती है।
- लोकप्रिय संस्कृति में रेड फॉक्स की झलक पोकेमॉन के फॉक्स-जैसे चरित्र "वल्पिक्स" में भी देखी जा सकती है, जो आगे "नाइनटेल्स" में विकसित होता है।
फ़ोटो
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पारिस्थितिकी और वर्गीकरण
वर्गीकरण
- संघ
- Chordata
- वर्ग
- Mammalia
- गण
- Carnivora
- कुल
- Canidae
- वंश
- Vulpes
- प्रजाति
- Vulpes vulpes
स्रोत
- GBIF Species names and classification
- iNaturalist Photos
- Wikidata Common names and conservation status
- Wikipedia Summary extract
- Encyclopedia of Life Habitat, diet and behavior traits
- Animal Diversity Web Animal habitat, behavior and diet
- AnAge Longevity



